बांका जिले के पंजवारा थाना क्षेत्र के चचरा गांव में एक रहस्यमयी घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। एक नवविवाहित दंपती के बीच हुए विवाद के बाद ज़हर खाने की घटना सामने आई, जिसमें पत्नी की मौत हो गई और पति की हालत गंभीर बनी हुई है। लेकिन सवाल यह उठता है—क्या यह महज़ एक आपसी विवाद था या इसके पीछे कोई गहरी साज़िश छिपी हुई है?
विवाद, ज़हर और मौत—एक खौफनाक रात
सूत्रों के अनुसार, घटना मंगलवार की देर रात की है जब 21 वर्षीय संतोष मंडल और उसकी 19 वर्षीय पत्नी कृति कुमारी के बीच किसी बात को लेकर तेज़ बहस हुई। बहस इतनी बढ़ गई कि गुस्से में कृति ने ज़हर खा लिया। यह देखकर संतोष ने भी ज़हर गटक लिया। जैसे ही घरवालों को इस घटना का पता चला, अफरा-तफरी मच गई। दोनों को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन कृति की रास्ते में ही मौत हो गई, जबकि संतोष की हालत गंभीर बनी हुई है और उसे भागलपुर के मायागंज अस्पताल में रेफर किया गया है।
दहेज प्रताड़ना या आत्महत्या? सच क्या है?
इस पूरे मामले में नया मोड़ तब आया जब मृतका के परिजनों ने गंभीर आरोप लगाए। कृति के परिजनों का कहना है कि उसकी शादी सिर्फ एक साल पहले हुई थी, लेकिन शादी के बाद से ही उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा था। उसका पति, सास और ससुर लगातार उस पर दहेज लाने का दबाव बना रहे थे। ऐसे में क्या यह खुद की जान देने का मामला है या उसे मजबूर किया गया?
साज़िश के सुराग तलाशती पुलिस
इस घटना की खबर मिलते ही बुधवार सुबह थाना प्रभारी मनीष कुमार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। एफएसएल की टीम ने भी घटनास्थल की जांच की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है, जिससे मौत की असली वजह सामने आ सके। अब पुलिस इस मामले के हर पहलू की गहराई से जांच कर रही है। क्या यह एक सोची-समझी साजिश थी? क्या कृति को सच में दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा था? क्या संतोष ने सच में ज़हर खाया था या यह किसी बड़े खेल का हिस्सा था?
सच की तलाश और न्याय की उम्मीद
अब इस केस की जांच में कई सवाल उठ रहे हैं—क्या कृति की मौत एक दुर्घटना थी या हत्या? क्या संतोष भी मरने की कोशिश कर रहा था या यह केवल एक ड्रामा था? पुलिस इस मामले को सुलझाने के लिए हर संभावित एंगल से जांच कर रही है। सच जो भी हो, लेकिन यह घटना एक बार फिर दहेज की काली सच्चाई को उजागर कर रही है। क्या कृति को इंसाफ मिलेगा? या यह भी एक अनसुलझी कहानी बनकर रह जाएगी?