समस्तीपुर, बिहार में भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और पूर्व केंद्रीय मंत्री सैयद शाहनवाज हुसैन ने शनिवार को मीडिया से बातचीत करते हुए स्पष्ट शब्दों में कहा कि वे सोशल मीडिया पर मिलने वाली धमकियों और गालियों से डरने वाले नहीं हैं। उन्होंने कहा कि वे सच्चाई की राह पर हैं और बिना किसी भय के आगे भी सच्ची बातें करते रहेंगे। शाहनवाज ने बताया कि उन्हें पहले से सुरक्षा प्राप्त है और जो लोग धमकियां दे रहे हैं, उन्हें ट्रेस किया जा रहा है। उन्होंने आलोचकों पर निशाना साधते हुए कहा कि उनमें सामने आकर बात करने की हिम्मत नहीं है।
शाहनवाज हुसैन ने वक्फ संशोधन बिल को मुसलमानों के हित में बताते हुए कहा कि विपक्ष इस मुद्दे को लेकर लोगों को भ्रमित करने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने कहा कि यह बिल मुसलमानों के लिए डर का कारण नहीं, बल्कि उनके हितों की रक्षा और सुधार का माध्यम है। शाहनवाज के अनुसार, इस कानून के तहत गरीब मुसलमानों को आर्थिक रूप से फायदा पहुंचेगा, जिससे उनकी सामाजिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव आएगा।
भ्रष्टाचार पर वार करते हुए उन्होंने कहा कि वक्फ बोर्डों में फैले भ्रष्टाचार को खत्म करने के उद्देश्य से यह बिल लाया गया है। इसके माध्यम से वक्फ संपत्तियों का सही तरीके से उपयोग सुनिश्चित होगा, जिससे मुसलमानों को दीर्घकालिक आर्थिक लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि अब तक इन संपत्तियों का दुरुपयोग होता रहा है, लेकिन इस संशोधन के बाद पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी।
राजनीतिक परिप्रेक्ष्य में बात करते हुए शाहनवाज ने कहा कि वक्फ संशोधन बिल से एनडीए को आगामी विधानसभा चुनावों में बड़ा फायदा होगा। उन्होंने आत्मविश्वास के साथ दावा किया कि एनडीए 200 से अधिक सीटें जीतने में सफल रहेगा। साथ ही उन्होंने जदयू और लोजपा के कुछ नेताओं के इस्तीफों को “राजनीतिक ड्रामा” बताते हुए कहा कि इनमें कोई बड़ा नाम नहीं है और इसका कोई खास असर नहीं पड़ेगा।
राज्य की प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सराहना की। शाहनवाज ने कहा कि नीतीश कुमार की अगुवाई में राज्य में बेहतरीन कार्य हो रहे हैं। उन्होंने “प्रगति यात्रा” की चर्चा करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री खुद जिलों का निरीक्षण कर रहे हैं और जरूरतमंद योजनाओं को स्वीकृति दे रहे हैं। अमित शाह के हालिया कार्यक्रम में एक महिला से जुड़ी घटना पर भी शाहनवाज ने स्पष्ट किया कि अमित शाह ने एक अभिभावक की तरह संवेदनशील व्यवहार किया और महिला को सहज महसूस कराने का प्रयास किया।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब वक्फ संशोधन बिल को लेकर राजनीतिक हलचल तेज है और मुस्लिम समाज में भी इसकी खूब चर्चा हो रही है। शाहनवाज के अनुसार, यह बिल एक सुधारात्मक प्रयास है जिसे राजनीतिक चश्मे से देखने की बजाय समुदाय के हित में समझा जाना चाहिए।